लखनऊ, 26 जून। राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में SIT की जांच रिपोर्ट पर आठ लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट व उनकी गिरफ्तारी और फिर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय व सदस्य ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफे के बाद समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रमुख अखिलेश यादव ने सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर हमला और तेज कर दिया है।
यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश ने X पर किए पोस्ट में भाजपा पर तीखा तंज कसते हुए पाखंड का आरोप लगाया और दावा किया कि अयोध्या ही पार्टी के राजनीतिक पतन का केंद्र बनेगी। उन्होंने लिखा, “भाजपा का लंका कांड अयोध्या में होगा। ‘भक्ति का मुखौटा’ उतर चुका है और दैवीय न्याय आखिरकार गलत काम करने वालों को बेनकाब करेगा।”
भाजपा का लंकाकांड, अयोध्या में ही होगा।
आख़िर ‘दानभक्तों’ का मुखौटा उतर ही गया क्योंकि प्रभु की अलौकिक शक्ति ने अपना चमत्कार दिखा ही दिया। अब भाजपाइयों के अहंकार की चमचमाती लंका के साम्राज्य का भी अंत होगा और ‘लंकाधिपति’ का भी।
भाजपा के लिए तो अमृतकाल काल बनकर आया है।
ये…
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) June 26, 2026
इस्तीफों पर भी साधा निशाना
सपा अध्यक्ष ने इस विवाद से जुड़े हालिया इस्तीफों पर भी निशाना साधा। उन्होंने भाजपा का मजाक उड़ाते हुए कहा कि एक समय सरकार दावा करती थी कि उसके शासन में इस्तीफे नहीं होते थे, लेकिन अब लोग तंज कसते हुए ‘इस्तीफे’ और ‘त्यागपत्र’ के बीच फर्क कर रहे हैं।
अखिलेश ने एक अन्य पोस्ट में आरोप लगाया कि भाजपा की कथित गलत हरकतों का अभी सिर्फ ‘पहला अध्याय’ ही सामने आया है। उन्होंने दावा किया कि आपसी खींचतान की वजह से पार्टी से जुड़े अलग-अलग गुट एक-दूसरे की पोल खोल देंगे। उन्होंने यह भी कहा कि अधिकारियों को यह पक्का करना चाहिए कि कथित गलत कामों से हुई कमाई लेकर कोई बच न पाए।
पूर्व सीएम अखिलश ने कहा, ‘भगवान की जांच में भी भाजपा समूह नहीं बच पाएगा’, जिससे यह संकेत मिलता है कि इसमें शामिल लोगों को आखिरकार जवाबदेह ठहराया जाएगा। उन्होंने NEET विवाद का भी जिक्र किया और कहा कि छात्र पेपर लीक के लिए कथित तौर पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ काररवाई की मांग कर रहे हैं जबकि दूसरे मामलों में इस्तीफे भी सामने आने लगे हैं।

